जो जहां हैं वहीं पर रुक जाएं

जो जहां हैं वहीं पर रुक जाएं

Doctor Sudhir Singh

जो जहां हैं वहीं पर रुक जाएं,
‘होम शेल्टर’ का  सहारा ले लें.
घर-गांव आने की  हड़बड़ी में,
‘कोरोना’का खतरा बढ़ने न दें.
सबों की  अपनी जिम्मेवारी है,
उससे  हमलोग मुँह  नहीं मोड़ें.
देश आपात स्थिति में खड़ा है,
हर प्रकार से सब सहयोग करें.
वक्त कभी  भी ढहरता नहीं है,
आकर तेजी से  गुजर जाता है.
‘कोरोना’ भी जाएगा जरूर ही,
जागरुक इंसान से सब हारा है.
बस थोड़ा सा धैर्यवान रहना है,
संयम,संकल्प से  काम लेना है.
लॉकडाउन का पूर्ण पालन कर,
कोरोना से हमें मुक्त हो जाना है

कविता और कहानी