आया सावन

आया सावन

मयूर जब बोलेगा

चातक मुंह खोलेगा

आयेगी मस्त फुहारें

चहुंओर रहेगी बहारें

झींगर जब टेर लगाये

दादुर वक्ता बन जाये

दीखे पानी ही पानी

मेघों पर आये जवानी

कोयल जब राग सुनाये

बादल जब नाद बजाये

झरने की कल-कल छल-छल

रंग बदले प्रकृति पल-पल

प्रकृति का होगा ऐसा दामन

तब समझो आया सावन

                                  – व्यग्र पाण्डे

                      कर्मचारी कालोनी, गंगापुर सिटी,

                  जिला : सवाई माधोपुर  (राज.)322201 (भारत)

कविता और कहानी